हमारी पंचायत, मंडी
जिला प्रधान संघ सुंदरनगर इकाई की बैठक शनिवार को धनोटू में हुई। इसमें पंचायत प्रतिनिधियों ने विचार साझा किए। बैठक में सरकार की ओर से पंचायती राज में मनरेगा जैसी महत्वपूर्ण योजनाओं को कमजोर करने के लिए कई तरह की शर्तें लगाने पर रोष जताया। इन शर्तों का पंचायत प्रधान संघ ने विरोध किया है।
प्रधान संघ के प्रदेशाध्यक्ष विजेंद्र सिंह चंदेल, प्रदेश सह सचिव सुनीता कश्यप ने सरकार की ओर से बीपीएल चयन की भ्रांतियां फैलाने, मनरेगा कार्यों में बेवजह अड़चनें डालने और पंचायतों में लाल फीताशाही शामिल करने पर रोष जताया।
उन्होंने सरकार से मांग उठाई कि पंचायत प्रतिनिधियों को विधायकों की तर्ज पर वेतन और भत्ते देय हों ताकि उन्हें भी एक सम्मानित मानदेय मिल सके। पंचायत विकास कार्यों की जवाबदेही को स्थिति संगत बनाने की मांग की गई।
इस मौके पर पंचायत प्रतिनिधि को पहचान पत्र जारी, निशुल्क बस यात्रा प्रदान करने, विकास कार्यों में बजट का प्रावधान पहले से ही होने की मांग उठाई। बैठक में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के विकास कार्यों के फंड को प्रदेश सरकार की ओर से निजी बैंक में डलवाने पर रोष जताया।
पंचायतों से एम फार्म की प्रथा बंद करने की मांग की गई। विकास कार्यों को पंचायतों से छीनने पर भी रोष जताया। बैठक में प्रदेश कार्यकारिणी से प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र सिंह, प्रदेश सह सचिव सुनीता कश्यप, सदर ब्लॉक के प्रधान टेक चंद राणा, प्रधान हरीश, धनोटू के प्रधान नीलकमल, सचिव बालक राम, कमल कांत, चमन लाल, प्रताप ठाकुर, राजेंद्र कुमार आदि मौजूद रहे।

